Sunday, July 4, 2010

eha

मोहब्बत एक एहसासों की पावन सी कहानी है !


कभी कबीरा दीवाना था कभी मीरा दीवानी है !!

यहाँ सब लोग कहते हैं, मेरी आंखों में आँसू हैं !

जो तू समझे तो मोती है, जो ना समझे तो पानी है !!